Admin · 7/20/2026
Category
बिजनेस
Business, market, and economy news.
Admin · 7/20/2026
Admin · 7/19/2026
अमेरिकी टेक कंपनी एनवीडिया के CEO जेन्सन हुआंग की पहचान बन चुकी उनकी खास ब्लैक लेदर जैकेट करीब 9.4 करोड़ रुपए (9.60 लाख डॉलर) में नीलाम हुई है। ऑक्शन हाउस सोथबी द्वारा आयोजित इस नीलामी में जैकेट की कीमत उम्मीद से 16 गुना ज्यादा मिली है। पहले इसके 40 हजार से 60 हजार डॉलर (करीब 33 लाख से 50 लाख रुपए) में बिकने का अनुमान लगाया गया था। इस नीलामी से मिलने वाली पूरी रकम को टेक और साइंस सेक्टर के युवा इनोवेटर्स की मदद के लिए दान किया जाएगा। फेलोशिप और रिसर्च पर खर्च होगा नीलामी में मिला पैसा फॉर्च्यून की रिपोर्ट के मुताबिक, इस नीलामी से मिली राशि सैन फ्रांसिस्को की वेंचर कैपिटल फर्म 'लॉन्ग जर्नी वेंचर्स' द्वारा शुरू की गई एक पहल में जाएगी। यह पहल ‘एज इंस्टीट्यूट’ नाम के एक नॉन-प्रॉफिट ऑर्गेनाइजेशन की मदद के लिए काम करती है। एज इंस्टीट्यूट टेक, साइंस, कल्चर और सोसाइटी से जुड़े लोगों को एक साथ लाता है ताकि वे नए आइडियाज पर काम कर सकें। स्टीव जॉब्स और जुकरबर्ग जैसा स्टाइल स्टेटमेंट सिलिकॉन वैली में जिस तरह एप्पल के फाउंडर स्टीव जॉब्स का ब्लैक टर्टलनेक और मेटा के सीईओ मार्क जुकरबर्ग की ग्रे टी-शर्ट या हुडी उनका सिग्नेचर स्टाइल रही है, उसी तरह जेन्सन हुआंग की ब्लैक लेदर जैकेट टेक जगत में एक बड़ा सिंबल बन चुकी है। जेन्सन एनवीडिया के बड़े प्रोडक्ट लॉन्चेस, डेवलपर कॉन्फ्रेन्स और कीनोट प्रेजेंटेशन्स में हमेशा इसी लुक में नजर आते हैं। साल 2016 में रेडिट के एक ‘आस्क मी एनीथिंग’ सेशन में जेन्सन ने मजाकिया अंदाज में लिखा था, "शायद आप मुझे 'लेदर जैकेट वाले उस शख्स' के रूप में बेहतर जानते होंगे जो अपनी बात को तीन बार दोहराता है।" उनका यह लुक इतना पॉपुलर हुआ कि 2021 में जब 'टाइम' मैगजीन ने उन्हें अपने कवर पेज पर जगह दी, तब भी वे इसी सिग्नेचर जैकेट में दिखे थे। ताइपे के इवेंट में पहनी थी यही टॉम फोर्ड जैकेट सोथबी में जिस जैकेट की नीलामी हुई है, वह लग्जरी ब्रांड टॉम फोर्ड की ब्लैक लेदर जैकेट है। हुआंग ने इसे 18 अक्टूबर 2023 को ताइपे में आयोजित ‘हॉन हाई टेक डे’ के दौरान पहना था। ऑक्शन हाउस ने इवेंट की तस्वीरों से इस जैकेट का मिलान किया है। साथ ही जैकेट पर जेन्सन हुआंग के ऑटोग्राफ की जांच 'जेम्स स्पेंस ऑथेंटिकेशन' द्वारा की गई है। टॉम फोर्ड जैकेट के दीवाने हैं हुआंग जेन्सन हुआंग को टॉम फोर्ड की जैकेट्स काफी पसंद हैं और यह सिलिकॉन वैली में चर्चा का विषय रहता है। फैशन एक्सपर्ट्स के मुताबिक, जेन्सन की ज्यादातर जैकेट्स की कीमत कई हजार डॉलर से लेकर 10,000 डॉलर (करीब 8.3 लाख रुपए) से अधिक होती है। जेन्सेन हुआंग की नेटवर्थ 15.39 लाख करोड़ फोर्ब्स रियल टाइम बिलियनेयर्स लिस्ट के अनुसार, कंपनी के CEO जेन्सेन हुआंग 175 बिलियन डॉलर यानी 16.84 लाख करोड़ रुपए की नेटवर्थ के साथ दुनिया के 7वें सबसे अमीर आदमी हैं।
Admin · 7/19/2026
भारतीय शेयर बाजार में पिछले हफ्ते रही तेजी के कारण देश की टॉप-10 सबसे मूल्यवान कंपनियों में से 5 के मार्केट वैल्यूएशन यानी मार्केट कैप में संयुक्त रूप से 1.54 लाख करोड़ रुपए से ज्यादा की बढ़ोतरी हुई है। इस तेजी में IT सेक्टर की कंपनी टाटा कंसल्टेंसी सर्विसेज यानी TCS टॉप गेनर रही। पिछले कारोबारी हफ्ते में बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज यानी BSE का बेंचमार्क इंडेक्स सेंसेक्स 582.06 अंक यानी 0.75% की बढ़त के साथ बंद हुआ। वहीं, नेशनल स्टॉक एक्सचेंज यानी NSE का निफ्टी 127.4 अंक यानी 0.52% मजबूत हुआ। TCS की वैल्यू 72,072.3 करोड़ रुपए बढ़ी TCS का वैल्यूएशन 72,072.3 करोड़ रुपए बढ़कर 8,20,672.70 करोड़ रुपए पर पहुंच गया। TCS के अलावा जिन चार अन्य कंपनियों को फायदा हुआ है, उनमें रिलायंस इंडस्ट्रीज, ICICI बैंक, स्टेट बैंक ऑफ इंडिया (SBI) और बजाज फाइनेंस शामिल हैं। 5 कंपनियों को नुकसान; LT और LIC का वैल्यूएशन सबसे ज्यादा घटा बाजार में तेजी के बावजूद टॉप-10 की बाकी 5 कंपनियों को नुकसान उठाना पड़ा। लार्सन एंड टुब्रो (LT) को सबसे ज्यादा घाटा हुआ। मार्केट एक्सपर्ट बोले- ग्लोबल अनिश्चितता के बीच घरेलू मजबूत फंडामेंटल्स से मिला सपोर्ट रेलीगेयर ब्रोकिंग लिमिटेड के रिसर्च एसवीपी (SVP) अजीत मिश्रा के मुताबिक, "ग्लोबल मार्केट में ब्याज दरों को लेकर अनिश्चितता, कच्चे तेल की ऊंची कीमतों और जियो पॉलिटिकल टेंशन के बावजूद भारतीय शेयर बाजार रिकवरी करने में कामयाब रहा और हफ्ते के आखिरी दिनों में मजबूती के साथ बंद हुआ। उन्होंने बताया कि आईटी सेक्टर में TCS के शानदार तिमाही नतीजों (Q1 FY27) और बैंकिंग व फाइनेंशियल शेयरों में दोबारा लौटी खरीदारी ने बाजार को सहारा दिया। इसके अलावा भारत के मजबूत आर्थिक आंकड़े भी बाजार को मजबूती दे रहे हैं।
Admin · 7/19/2026
कल की बड़ी खबर रिलायंस से जुड़ी रही। EPFO ने अब अपनी आधिकारिक वेबसाइट से यूनिवर्सल अकाउंट नंबर यानी UAN एक्टिवेशन और नया UAN जनरेट करने की सुविधा को बंद कर दिया है। अब इन दोनों सर्विसेज को ‘उमंग’ एप पर शिफ्ट कर दिया गया है। वहीं, पाकिस्तान सरकार ने पेट्रोल के दाम में 5.44 रुपया (पाकिस्तानी रुपया) प्रति लीटर और हाई-स्पीड डीजल में 31.05 रुपया प्रति लीटर की बढ़ोतरी की है। इस बढ़ोतरी के बाद पाकिस्तान में एक लीटर पेट्रोल की कीमत 316.15 रुपया और हाई-स्पीड डीजल की कीमत 354.35 रुपया लीटर हो गई है। कल की बड़ी खबर से पहले आज की ये सुर्खियां… अब कल की बड़ी खबरें पढ़ें... 1. अब उमंग एप से एक्टिवेट होगा UAN: फेस ऑथेंटिकेशन भी करना होगा, यहां जानें एक्टिवेट करने की पूरी प्रोसेस कर्मचारी भविष्य निधि संगठन यानी EPFO ने अपने करोड़ों सब्सक्राइबर्स के लिए एक बड़ा बदलाव किया है। EPFO ने अब अपनी आधिकारिक वेबसाइट से यूनिवर्सल अकाउंट नंबर यानी UAN एक्टिवेशन और नया UAN जनरेट करने की सुविधा को बंद कर दिया है। अब इन दोनों सर्विसेज को ‘उमंग’ एप पर शिफ्ट कर दिया गया है। इसके साथ ही सिक्योरिटी को मजबूत करने के लिए आधार-आधारित फेस ऑथेंटिकेशन को जरूरी कर दिया गया है। पूरी खबर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें… 2. पाकिस्तान में पेट्रोल 5.44 और डीजल 31.05 रुपया महंगा: पेट्रोल 316.15 और हाई-स्पीड डीजल 354.35 रुपया लीटर मिल रहा, नई कीमतें 18 जुलाई से लागू पाकिस्तान सरकार ने पेट्रोल के दाम में 5.44 रुपया (पाकिस्तानी रुपया) प्रति लीटर और हाई-स्पीड डीजल में 31.05 रुपया प्रति लीटर की बढ़ोतरी की है। इस बढ़ोतरी के बाद पाकिस्तान में एक लीटर पेट्रोल की कीमत 316.15 रुपया और हाई-स्पीड डीजल की कीमत 354.35 रुपया लीटर हो गई है। नई कीमतें 18 जुलाई से लागू हो गई हैं। इसके अलावा सरकार ने अब पेट्रोल-डीजल की कीमतें साप्ताहिक की जगह रोजाना तय करने का फैसला किया है। पूरी खबर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें… 3. HDFC बैंक का मुनाफा 5% बढ़कर ₹19,060 करोड़: नेट इंटरेस्ट इनकम 6.7% बढ़ी; बैंक के नतीजे एक्सपर्ट्स के अनुमान से कम रहे HDFC बैंक लिमिटेड ने शनिवार को चालू वित्त वर्ष की पहली तिमाही के नतीजे घोषित कर दिए हैं। इस तिमाही (Q1 FY27) में बैंक का स्टैंडअलोन नेट प्रॉफिट सालाना आधार पर 4.98% बढ़कर 19,059.72 करोड़ रुपए रहा। हालांकि, यह मुनाफा CNBC-TV18 पोल के 19,332 करोड़ रुपए के अनुमान से कम रहा। पूरी खबर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें… 4. ICICI बैंक का मुनाफा 16% बढ़कर ₹14,805 करोड़: पहली तिमाही में अनुमान से बेहतर रहे नतीजे, बैंक की एसेट क्वालिटी भी सुधरी ICICI बैंक लिमिटेड ने अप्रैल-जून तिमाही के लिए अपने स्टैंडअलोन नेट प्रॉफिट में साल-दर-साल 15.95% की बढ़त दर्ज की है। यह बढ़कर 14,804.5 करोड़ रुपए पर पहुंच गया है। बैंक का यह मुनाफा बाजार के अनुमानों से काफी बेहतर रहा। इस निजी क्षेत्र के बड़े बैंक की नेट इंटरेस्ट इनकम (NII) भी उम्मीद से ज्यादा तेजी से बढ़ते हुए 12.7% की एनुअल ग्रोथ के साथ 24,384.35 करोड़ रुपए रही। पूरी खबर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें… 5. भारत का पहला प्राइवेट ऑर्बिटल रॉकेट लॉन्च कामयाब: स्काईरूट एयरोस्पेस ने खुद बनाकर अंतरिक्ष में भेजा, 2 दोस्तों ने इसरो छोड़कर बनाई थी यह कंपनी हैदराबाद की स्काईरूट एयरोस्पेस ने शनिवार 18 जुलाई को भारत का पहला प्राइवेट ऑर्बिटल रॉकेट विक्रम-1 लॉन्च किया। यह टेस्ट पहले ही प्रयास में कामयाब रहा। विक्रम-1 को स्काईरूट एयरोस्पेस ने तैयार किया और लॉन्चिंग भी खुद ही की। सिर्फ लॉन्चपैड इसरो का था। स्काईरूट एयरोस्पेस कंपनी की स्थापना 2018 में दो दोस्तों पवन कुमार चंदना और नागा भरत डाका ने की थी। विक्रम-1 को आंध्र प्रदेश में श्रीहरिकोटा में इसरो के सतीश धवन स्पेस सेंटर से दोपहर 12:05 बजे लॉन्च किया गया। पूरी खबर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें… दुनिया के टॉप-10 सबसे अमीर कौन रहे यह भी देख लीजिए… कल मार्केट बंद था तो शुक्रवार के शेयर बाजार और सोना-चांदी का हाल जान लीजिए… पेट्रोल-डीजल और घरेलू गैस सिलेंडर की लेटेस्ट कीमत जान लीजिए...
Admin · 7/19/2026
ICICI बैंक लिमिटेड ने अप्रैल-जून तिमाही के लिए अपने स्टैंडअलोन नेट प्रॉफिट में साल-दर-साल 15.95% की बढ़त दर्ज की है। यह बढ़कर 14,804.5 करोड़ रुपए पर पहुंच गया है। बैंक का यह मुनाफा बाजार के अनुमानों से काफी बेहतर रहा। इस निजी क्षेत्र के बड़े बैंक की नेट इंटरेस्ट इनकम (NII) भी उम्मीद से ज्यादा तेजी से बढ़ते हुए 12.7% की एनुअल ग्रोथ के साथ 24,384.35 करोड़ रुपए रही। बाजार के अनुमानों को पीछे छोड़ा CNBC-TV18 के एनालिस्ट पोल के अनुसार, बाजार को उम्मीद थी कि इस तिमाही में ICICI बैंक की नेट इंटरेस्ट इनकम (NII) 9% की बढ़त के साथ 23,689 करोड़ रुपए रह सकती है। वहीं, नेट प्रॉफिट में पिछले साल के मुकाबले 7% की ग्रोथ का अनुमान था, जिसके तहत इसके 13,616 करोड़ रुपए रहने की उम्मीद जताई गई थी। बैंक ने मुनाफे और इंटरेस्ट इनकम दोनों ही मामलों में इन अनुमानों को पीछे छोड़ दिया। मार्जिन और एसेट क्वालिटी में सुधार जून तिमाही के दौरान बैंक के नेट इंटरेस्ट मार्जिन (NIM) में तिमाही और सालाना दोनों आधार पर सुधार देखने को मिला है। इस तिमाही में NIM 4.36% दर्ज किया गया। हालांकि, मार्च तिमाही में यह 4.32% और पिछले साल की समान अवधि में 4.34% के स्तर पर था। इसके साथ ही बैंक की एसेट क्वालिटी को भी और मजबूती मिली है। लोन बुक और डिपॉजिट में 14% की ग्रोथ 30 जून 2026 तक बैंक का कुल लोन पोर्टफोलियो सालाना आधार पर 19.6% की रफ्तार से बढ़कर 16,31,260 करोड़ रुपए हो गया। वहीं कुल डिपॉजिट में भी 14% की बढ़ोतरी दर्ज की गई और यह 18,33,586 करोड़ रुपए पर पहुंच गई। इसी तरह औसत डिपॉजिट भी 14% बढ़कर 17,48,028 करोड़ रुपए रहा है, जबकि बैंक का एवरेज कासा (CASA) रेशियो 38.1% दर्ज किया गया है। बैंक को एनपीए के मोर्चे पर राहत मिली 30 जून 2026 तक बैंक का ग्रॉस एनपीए (Gross NPA) रेशियो घटकर 1.38% पर आ गया है, जो मार्च के अंत में 1.40% और पिछले साल की समान अवधि में 1.67% था। वहीं बैंक का नेट एनपीए रेशियो की बात करें तो यह 0.35% रहा, जो पिछली तिमाही में 0.33% और एक साल पहले 0.41% के स्तर पर था। बैंक ने 2026 में अब तक 8.7% रिटर्न दिया शुक्रवार को ICICI बैंक के शेयर 1.84% की बढ़त के साथ 1,444.3 रुपए पर बंद हुए थे। साल 2026 में अब तक इस स्टॉक ने निवेशकों को 8.7% का रिटर्न दिया है। इसकी तुलना में देखें तो इसी अवधि के दौरान शेयर बाजार के प्रमुख इंडेक्स निफ्टी 50 में 6.9% की गिरावट दर्ज की गई है, यानी बैंक ने मार्केट के मुकाबले बेहतर प्रदर्शन किया है। क्या होती है नेट इंटरेस्ट इनकम और नेट इंटरेस्ट मार्जिन? नेट इंटरेस्ट इनकम (NII): बैंक मुख्य रूप से दो काम करता है- जमा यानी डिपॉजिट स्वीकार करना और लोन देना। लोन देने पर बैंक को जो ब्याज मिलता है, उसमें से जमाकर्ताओं को दिए जाने वाले ब्याज को घटाने के बाद बची रकम को नेट इंटरेस्ट इनकम (NII) कहते हैं। यह बैंक की मुख्य कमाई होती है। नेट इंटरेस्ट मार्जिन (NIM): यह किसी बैंक की वित्तीय सेहत को मापने का एक पैमाना है। बैंक अपनी कुल ब्याज कमाने वाली संपत्तियों (जैसे लोन) पर जितना ब्याज कमाता है और जमा राशि पर जितना ब्याज चुकाता है, उसके अंतर को प्रतिशत में व्यक्त करने पर इसे नेट इंटरेस्ट मार्जिन कहा जाता है। नॉन परफॉर्मिंग एसेट या NPA क्या है? जब कोई व्यक्ति या संस्था किसी बैंक से लोन लेकर उसे वापस नहीं करती, तो उसे बैड लोन या नॉन परफॉर्मिंग एसेट या NPA कहा जाता है। यानी इन लोन्स की रिकवरी की उम्मीद काफी कम होती है। नतीजतन बैंकों का पैसा डूब जाता है और बैंक घाटे में चला जाता है। भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) के नियमों के मुताबिक, अगर किसी बैंक लोन की किस्त 90 दिनों तक यानी तीन महीने तक नहीं चुकाई जाती है, तो उस लोन को NPA घोषित कर दिया जाता है। अन्य वित्तीय संस्थाओं के मामले में यह सीमा 120 दिन की होती है। बुक को क्लियर करने के लिए बैंकों को ऐसा करना होता है। ये खबर भी पढ़ें… HDFC बैंक का मुनाफा 5% बढ़कर ₹19,060 करोड़: नेट इंटरेस्ट इनकम 6.7% बढ़ी; बैंक के नतीजे एक्सपर्ट्स के अनुमान से कम रहे HDFC बैंक लिमिटेड ने शनिवार को चालू वित्त वर्ष की पहली तिमाही के नतीजे घोषित कर दिए हैं। इस तिमाही (Q1 FY27) में बैंक का स्टैंडअलोन नेट प्रॉफिट सालाना आधार पर 4.98% बढ़कर 19,059.72 करोड़ रुपए रहा। हालांकि, यह मुनाफा CNBC-TV18 पोल के 19,332 करोड़ रुपए के अनुमान से कम रहा। पूरी खबर पढ़ें…
Admin · 7/18/2026
HDFC बैंक लिमिटेड ने शनिवार को चालू वित्त वर्ष की पहली तिमाही के नतीजे घोषित कर दिए हैं। इस तिमाही (Q1 FY27) में बैंक का स्टैंडअलोन नेट प्रॉफिट सालाना आधार पर 4.98% बढ़कर 19,059.72 करोड़ रुपए रहा। हालांकि, यह मुनाफा CNBC-TV18 पोल के 19,332 करोड़ रुपए के अनुमान से कम रहा। नेट इंटरेस्ट इनकम ₹33,535 करोड़ के पार बैंक की नेट इंटरेस्ट इनकम (NII) में सालाना आधार पर 6.7% की बढ़ोतरी हुई है। यह बढ़कर 33,535.95 करोड़ रुपए पर पहुंच गई है। हालांकि, नेट इंटरेस्ट इनकम भी बाजार के 34,353 करोड़ रुपए के पोल अनुमान को पार करने में चूक गई। बैंक का नेट इंटरेस्ट मार्जिन 3.26% रहा पहली तिमाही में HDFC बैंक का नेट इंटरेस्ट मार्जिन (NIM) कुल एसेट्स पर 3.26% दर्ज किया गया है। वहीं, अगर ब्याज अर्जित करने वाली संपत्तियों यानी इंटरेस्ट अर्निंग एसेट्स के आधार पर देखें तो यह मार्जिन 3.40% रहा है। एसेट क्वालिटी में मामूली बदलाव, ग्रॉस NPA 1.17% एसेट क्वालिटी के मोर्चे पर बैंक के ग्रॉस नॉन-परफॉर्मिंग एसेट्स (GNPAs) 30 जून, 2026 तक ग्रॉस एडवांस के 1.17% पर रहे। 31 मार्च 2026 को यह आंकड़ा 1.15% था, जबकि एक साल पहले की समान तिमाही में यह 1.40% था। वहीं, 30 जून, 2026 तक बैंक का नेट नॉन-परफॉर्मिंग एसेट्स (NNPAs) नेट एडवांस का 0.41% रहा। प्रोविजनिंग और क्रेडिट कॉस्ट का हाल पहली तिमाही में बैंक का कुल प्रोविजंस और कंटिंगेंसीज (प्रॉविजन्स एंड कंटिंगेंसीज) ₹3,060 करोड़ रहा। इसके साथ ही तिमाही के लिए बैंक का कुल क्रेडिट कॉस्ट रेशियो 0.40% दर्ज किया गया है। इस साल 17.2% टूट चुका है बैंक का शेयर शुक्रवार को HDFC बैंक का शेयर 1.4% चढ़कर 819.60 रुपए के स्तर पर बंद हुआ था। साल 2026 में अब तक इस स्टॉक में 17.2% की गिरावट आ चुकी है, जबकि इस दौरान निफ्टी 50 इंडेक्स में 6.9% की कमजोरी देखी गई है। क्या होती है नेट इंटरेस्ट इनकम और नेट इंटरेस्ट मार्जिन? नॉन परफॉर्मिंग एसेट या NPA क्या है? जब कोई व्यक्ति या संस्था किसी बैंक से लोन लेकर उसे वापस नहीं करती, तो उसे बैड लोन या नॉन परफॉर्मिंग एसेट या NPA कहा जाता है। यानी इन लोन्स की रिकवरी की उम्मीद काफी कम होती है। नतीजतन बैंकों का पैसा डूब जाता है और बैंक घाटे में चला जाता है। भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) के नियमों के मुताबिक, अगर किसी बैंक लोन की किस्त 90 दिनों तक यानी तीन महीने तक नहीं चुकाई जाती है, तो उस लोन को NPA घोषित कर दिया जाता है। अन्य वित्तीय संस्थाओं के मामले में यह सीमा 120 दिन की होती है। बुक को क्लियर करने के लिए बैंकों को ऐसा करना होता है।
Admin · 7/18/2026
पाकिस्तान सरकार ने पेट्रोल के दाम में 5.44 रुपया (पाकिस्तानी रुपया) प्रति लीटर और हाई-स्पीड डीजल में 31.05 रुपया प्रति लीटर की बढ़ोतरी की है। इस बढ़ोतरी के बाद पाकिस्तान में एक लीटर पेट्रोल की कीमत 316.15 रुपया और हाई-स्पीड डीजल की कीमत 354.35 रुपया लीटर हो गई है। नई कीमतें 18 जुलाई से लागू हो गई हैं। इसके अलावा सरकार ने अब पेट्रोल-डीजल की कीमतें साप्ताहिक की जगह रोजाना तय करने का फैसला किया है। फरवरी से शुरू हुआ था बढ़ने का सिलसिला हालिया बढ़ोतरी के बावजूद दोनों ईंधन अपनी रिकॉर्ड ऊंचाई (पीक लेवल) से नीचे बने हुए हैं। 3 अप्रैल को डीजल की कीमत 520.35 रुपया प्रति लीटर के ऑल-टाइम हाई स्तर पर पहुंच गई थी। ईंधन की कीमतों में यह तेजी 28 फरवरी को अमेरिका-ईरान युद्ध शुरू होने के बाद देखने को मिली थी, जब डीजल 281 रुपया प्रति लीटर के स्तर पर था। वहीं दूसरी ओर, पेट्रोल की कीमत भी 3 अप्रैल को 458.41 रुपया के उच्चतम स्तर पर पहुंच गई थी, जिसकी शुरुआत मार्च के पहले हफ्ते में 266 रुपया प्रति लीटर से हुई थी। अब हर रोज तय होंगे दाम पेट्रोलियम मंत्री अली परवेज मलिक ने बताया कि अमेरिका और ईरान के बीच जंग के कारण अंतरराष्ट्रीय बाजार में कीमतें तेजी से बदल रही हैं। इसे देखते हुए केंद्रीय कैबिनेट और प्रधानमंत्री ने फैसला किया है कि अब ऑयल एंड गैस रेगुलेटरी अथॉरिटी (OGRA) को रोजाना कीमतें तय करने की जिम्मेदारी दी जाएगी। OGRA न सिर्फ अपनी वेबसाइट पर रोज सुबह नए रेट जारी करेगी, बल्कि यह भी सार्वजनिक करेगी कि पेट्रोल पंप तक पहुंचते-पहुंचते टैक्स, मार्जिन और अन्य खर्चों की वजह से कीमतें किस तरह तय हुईं। इससे पहले मार्च की शुरुआत से सरकार हर हफ्ते कीमतों की समीक्षा कर रही थी। एक लीटर तेल पर 105 रुपया तो सिर्फ टैक्स, डीलर्स ने दी आंदोलन की चेतावनी आम जनता को मिलने वाले पेट्रोल-डीजल पर सरकार भारी-भरकम टैक्स वसूल रही है। इस समय दोनों पेट्रोलियम प्रोडक्ट्स पर प्रति लीटर लगभग 105 रुपया का टैक्स लिया जा रहा है। इसमें कस्टम ड्यूटी, पेट्रोलियम लेवी, क्लाइमेट सपोर्ट लेवी और इनलैंड फ्रेट इक्वलाइजेशन मार्जिन शामिल हैं। दूसरी ओर, ऑल पाकिस्तान डीलर्स एसोसिएशन ने सरकार के 'डेली प्राइसिंग' यानी रोज दाम बदलने के फैसले को सिरे से खारिज कर दिया है। एसोसिएशन का कहना है कि रोज दाम बदलने से उनके बिजनेस और स्टॉक मैनेजमेंट में दिक्कतें आएंगी। डीलर्स ने चेतावनी दी है कि वे इसके खिलाफ अगले हफ्ते एक बड़ा विरोध प्रदर्शन और हड़ताल कर सकते हैं। मिडिल क्लास और ट्रांसपोर्ट सेक्टर पर पड़ेगा सबसे ज्यादा असर पेट्रोल की कीमतों में बदलाव का सीधा असर देश के मिडिल और लोअर-मिडिल क्लास पर पड़ता है, क्योंकि इसका इस्तेमाल मुख्य रूप से प्राइवेट गाड़ियों, छोटी कारों, ऑटो रिक्शा और टू-व्हीलर्स में होता है। वहीं, डीजल महंगा होने से पूरे देश में महंगाई बढ़ने का खतरा है, क्योंकि इसका इस्तेमाल भारी कमर्शियल वाहनों (ट्रकों-बसों), पावर प्लांट्स और बड़े जनरेटरों में होता है। पाकिस्तान में हर महीने करीब 7 से 8 लाख टन पेट्रोल और डीजल की भारी-भरकम बिक्री होती है, जबकि केरोसिन (मिट्टी के तेल) की मासिक मांग सिर्फ 10 हजार टन ही है। यही वजह है कि पेट्रोल-डीजल सरकार के लिए रेवेन्यू जुटाने का सबसे बड़ा जरिया बने हुए हैं।
Admin · 7/18/2026
कर्मचारी भविष्य निधि संगठन यानी EPFO ने अपने करोड़ों सब्सक्राइबर्स के लिए एक बड़ा बदलाव किया है। EPFO ने अब अपनी आधिकारिक वेबसाइट से यूनिवर्सल अकाउंट नंबर यानी UAN एक्टिवेशन और नया UAN जनरेट करने की सुविधा को बंद कर दिया है। अब इन दोनों सर्विसेज को ‘उमंग’ एप पर शिफ्ट कर दिया गया है। इसके साथ ही सिक्योरिटी को मजबूत करने के लिए आधार-आधारित फेस ऑथेंटिकेशन को जरूरी कर दिया गया है। EPFO के मुताबिक, डेटाबेस कंसॉलिडेशन और सॉफ्टवेयर अपग्रेड के बाद ऑनलाइन सर्विसेज को फास्ट और ज्यादा सुरक्षित बनाने के लिए यह कदम उठाया गया है। स्टेटस चेक करने का तरीका UAN एक्टिवेट हुआ है या नहीं, यह चेक करने के लिए उमंग एप में 'UAN Services Through Face Auth' के तहत 'UAN allotment and activation' ऑप्शन पर जाएं। वहां अपना UAN, आधार नंबर और मोबाइल नंबर डालकर कंसेंट बॉक्स को टिक करें और 'Send OTP' पर क्लिक करें। अगर प्रोसेस सफल रहा होगा, तो स्क्रीन पर मैसेज दिखेगा- 'The UAN entered is already activated'। इस साल भी 8.25% मिलेगी ब्याज दर वित्त मंत्रालय ने इस फाइनेंशियल ईयर यानी FY2025-26 के लिए EPF पर 8.25% की ब्याज दर को मंजूरी दे दी है। यह लगातार तीसरा मौका है जब सब्सक्राइबर्स को 8.25% की दर से ब्याज मिल रहा है। पैसे निकालने की लिमिट: 25% बैलेंस मेंटेन करना जरूरी EPFO के नियमों के अनुसार, सब्सक्राइबर्स को अपने EPF अकाउंट में हर समय कम से कम 25% का मिनिमम बैलेंस मेंटेन करना जरूरी होता है। इसका मतलब यह है कि अगर आप नौकरी के दौरान आंशिक रूप से पैसा निकालना चाहते हैं, तो अपने कुल फंड का अधिकतम 75% हिस्सा ही निकाल सकते हैं। फुल सेटलमेंट केवल नौकरी छोड़ने की स्थिति में ही मंजूर किया जाता है। उदहारण के लिए: अगर किसी सब्सक्राइबर के अकाउंट में (कर्मचारी और कंपनी दोनों का हिस्सा मिलाकर) कुल ₹2 लाख जमा हैं, तो वह पार्शियल विड्रॉल के तौर पर अधिकतम ₹1,50,000 ही निकाल सकेगा, जबकि ₹50,000 का मिनिमम बैलेंस अकाउंट में ही रहेगा।
Admin · 7/18/2026